अध्यक्ष ही नहीं, बदल जाएगा भाजपा का चेहरा
नितिन नबीन जैसे ही औपचारिक तौर पर पार्टी की कमान संभालेंगे, बीजेपी में संगठन से लेकर मोदी सरकार तक में बड़े बदलाव का आधार तैयार होना शुरू हो सकता है। भाजपा की राष्ट्रीय टीम में ज्यादा से ज्यादा युवा...

सत्ताधारी भारतीयजनता पार्टी को औपचारिक रूप से मंगलवार को नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिल जाएगा। बिहार के 45 वर्षीय नेता नितिन नबीन भाजपा के सबसे युवा अध्यक्ष बनने वाले हैं। इसके साथ ही दुनिया की सबसे बड़ी पार्टी का चेहरा भी बदला हुआ नजर आने लगेगा। भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम में भी जाहिर है अधिकांश पदाधिकारी 55 या 60 से कम उम्र के होंगे। नई टीम में कई मंत्रियों, सांसदों या पूर्व मुख्यमंत्रियों को भी शामिल किए जाने की सम्भावना है। नबीन की नई टीम बनने के बाद जल्द ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने मंत्रिमंडल में फेरबदल भी करेंगे।
Table Of Content
सूत्रों का कहना है कि नितिन नबीन जैसे ही औपचारिक तौर पर पार्टी की कमान संभालेंगे, बीजेपी में संगठन से लेकर मोदी सरकार तक में बड़े बदलाव का आधार तैयार होना शुरू हो सकता है। भाजपा की राष्ट्रीय टीम में ज्यादा से ज्यादा युवा चेहरों को जगह मिलना तय है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि भाजपा की नई टीम में ज्यादातर पदाधिकारियों की उम्र 55 वर्ष से कम हो सकती है। यानी जिस तरह पार्टी ने नबीन जैसे एक युवा चेहरे को पार्टी की कमान सौंपी है, उसी तरह उनकी टीम में भी युवा नेताओं को राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी भूमिका दी जाएगी।
नई टीम में संघ की छाया
राष्ट्रीय कार्यकारिणी में भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की विचारधारा में तप कर उभरने वाले नेताओं को प्राथमिकता मिलेगी। वहीं सामाजिक और राजनीतिक तौर पर पार्टी के संगठन को नई धार देने में सक्षम नेताओं पर भी दाव लगाया जा सकता है। संगठन के विभिन्न राज्यों को मौजूदा पदाधिकारियों या प्रांतीय नेताओं तथा कुछ पूर्व प्रदेश अध्यक्ष, पूर्व मुख्यमंत्री और कुछ पूर्व केंद्रीय मंत्री भी टीम में शामिल किए जा सकते हैं।
मंत्रिमंडल पर भी असर
सूत्रों के अनुसार इसी तरह का बदलाव मोदी मंत्रिमंडल में भी देखने को मिल सकता है। मोदी मंत्रिमंडल का विस्तार या फेरबदल लम्बे अरसे से नहीं हो रहा है। अभी भी मोदी सरकार में 19 कैबिनेट मंत्रियों समेत 34 मंत्री 2021 से ही मंत्री बने हुए हैं। एक दर्जन से ज्यादा मंत्रियों के पास दो-दो मंत्रालय है। कई नेताओं का राजनीतिक करियर भी आखिरी दौर में है। इनके अलावा करीब आधा दर्जन मंत्रियों का राज्यसभा का कार्यकाल भी इस साल पूरा हो रहा है। उल्लेखनीय है कि इस साल 70 से ज्यादा राज्यसभा सीटें खाली होंगी, इनमें से लगभग 30 भाजपा सांसदों की हैं।
कुछ आएंगे, कुछ जाएंगे
ऐसे में मंत्रिमंडल में फेरबदल भी जरूरी हो रहा है। इधर, मोदी के तीसरे कार्यकाल के भी कुछ महीने बाद दो साल पूरे होने वाले हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि भाजपा की नई टीम बनने के तुरंत बाद मंत्रिमंडल में फेरबदल भी जल्द ही होगा। कुछ चेहरों को संगठन में भेजा जाएगा तो कुछ नए युवा चेहरों को मंत्रिमंडल में स्थान मिलेगा।






No Comment! Be the first one.