आज़ादी के बाद जैतारण में विकास ने पकड़ी नई रफ्तार
चैनराज भाटी,
वरिष्ठ पत्रकार
Table Of Content
- आज़ादी के बाद जैतारण में विकास ने पकड़ी नई रफ्तार
- चिकित्सा क्षेत्र में बड़ी सौगातें
- बिजली व्यवस्था को मिलेगी मजबूती
- सड़क विकास से बढ़ी कनेक्टिविटी
- पेयजल योजनाओं से गांवों को राहत
- शिक्षा और छात्रावासों को बढ़ावा
- खेल और युवाओं के लिए नई पहल
- प्रशासनिक और औद्योगिक सुविधाओं का विस्तार
- नगर विकास और सौंदर्यीकरण कार्य
ब्यावर जिले का जैतारण विधानसभा क्षेत्र अब तेजी से बदलते विकास की तस्वीर पेश कर रहा है। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री और जैतारण विधायक अविनाश गहलोत के कार्यकाल में क्षेत्र में चिकित्सा, सड़क, पेयजल, विद्युत, शिक्षा, खेल और प्रशासनिक सुविधाओं के विस्तार को लेकर बड़े स्तर पर कार्य स्वीकृत हुए हैं। वर्षों से लंबित कई योजनाएं अब धरातल पर उतर रही हैं, जिससे लोगों को राहत मिल रही है।
चिकित्सा क्षेत्र में बड़ी सौगातें
जैतारण में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को उप जिला चिकित्सालय में क्रमोन्नत किया गया है। लगभग 35 करोड़ रुपए की लागत से इसका निर्माण शुरू हो चुका है। इसके अलावा जैतारण, निमाज और रास में नवीन भवन निर्माण के लिए 2496 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं।
रास सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के लिए नवीन भवन स्वीकृत हुआ है, वहीं गिरी में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का नया भवन बनाया जाएगा। निमाज पशु चिकित्सालय को प्रथम श्रेणी पशु चिकित्सालय में क्रमोन्नत किया गया है। आसरलाई, बलाड़ा, भूम्बलियां, कुड़की, लाम्बियां, मोहराई, निम्बोल, पाटवा, पीपाड़ा, सेवरिया, बलून्दा, डिगरना और फालका सहित 13 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के भवन निर्माण एवं मरम्मत के लिए 20.67 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। प्रत्येक पीएचसी के लिए करीब 1.59 करोड़ रुपए निर्धारित किए गए हैं।
इसके अलावा रायपुर में उप जिला चिकित्सालय, कलालिया में आयुष्मान आरोग्य मंदिर तथा राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय को आदर्श चिकित्सालय में क्रमोन्नत किया गया है।
बिजली व्यवस्था को मिलेगी मजबूती
जैतारण में 118 करोड़ रुपए की लागत से 220 केवी जीएसएस निर्माण कार्य की स्वीकृति दी गई है। इसके अलावा जैतारण तथा मोहनगढ़, बांझाकुड़ी और बगतपुरा में 33 केवी जीएसएस स्वीकृत किए गए हैं।
सड़क विकास से बढ़ी कनेक्टिविटी
जैतारण विधानसभा क्षेत्र में 38 करोड़ रुपए की लागत से समौखी से बलाड़ा, पृथ्वीपुरा से लौटोती, बलून्दा से खराड़ी, कालब खुर्द से काणुजा, बुटिवास से रास, निमाज से चावण्डियां कलां तथा कांवलिया से कालू तक 38 किलोमीटर सड़क कार्य स्वीकृत किए गए हैं। साथ ही 18 करोड़ रुपए लागत से बांझाकुड़ी, बलुन्दा, कानावास, काणेचा फाटा, बिकरलाई, रामावास और बिरोल तक सड़क कार्य किए जा रहे हैं। बर, मेगड़दा, भैरू का नाका और काणुजा सड़क के लिए 7.50 करोड़ रुपए स्वीकृत हुए हैं। रेलमगरा सर्किल से माकड़वाली और दीपावास सड़क निर्माण पर 5 करोड़ रुपए खर्च किए जा रहे हैं।
जैतारण-बलाड़ा-बलुपुरा सड़क के लिए 25 करोड़, बाबरा-रामगढ़ से बिछयामाला डामरीकरण सड़क के लिए 1.50 करोड़, कुड़की नीलकंठ महादेव मंदिर से धनेरिया लील वाया दासावास सड़क के लिए 40 करोड़ व चिड़ियानाथ जी की समाधि (सेवरिया) तक डामरीकरण सड़क निर्माण के लिए 5 करोड़ रुपए तथा विभिन्न सड़कों के निर्माण के लिए अतिरिक्त 10 करोड़ रुपए भी स्वीकृत किए हैं।
पेयजल योजनाओं से गांवों को राहत
पाली, सोजत और जैतारण शहर सहित 245 गांवों में पेयजल आपूर्ति एवं पाइपलाइन कार्यों के लिए 23.47 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। कलालिया, बगड़ी, कोट किराना और काणुजा ग्राम पंचायतों को भोमादा बांध पेयजल योजना से जोड़ने के लिए 50 लाख रुपए की डीपीआर स्वीकृत की गई है। सोजत, मारवाड़ जंक्शन और जैतारण क्षेत्र के 175 गांवों में निर्बाध पेयजल आपूर्ति के लिए बागावास तालाब में आरडब्ल्यूआर एवं पम्प हाउस निर्माण कार्य के लिए 14.60 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं।
भोमादा बांध से काणुजा, कोटकिराणा, कलालिया व बगड़ी ग्राम पंचायतों को जोड़ने वाली पेयजल योजना के लिए 50 करोड़ रुपए की स्वीकृति के साथ ही जैतारण और निमाज की शहरी पेयजल योजना पर 15.21 करोड़ रुपए खर्च किए जा रहे हैं।
शिक्षा और छात्रावासों को बढ़ावा
ग्राम निम्बोल में अनुसूचित जाति छात्रावास की स्वीकृति तथा ब्यावर में महाविद्यालय स्तरीय बालिका छात्रावास तथा जैतारण में सावित्री बाई फुले बालिका छात्रावास की स्थापना की गई है। नवगठित जिले में पॉलिटेक्निक कॉलेज की स्वीकृति भी युवाओं के लिए महत्वपूर्ण है।
खेल और युवाओं के लिए नई पहल
जैतारण में 7 करोड़ रुपए की लागत से हॉकी खेल अकादमी स्थापित होने के बाद खिलाड़ियों को स्थानीय स्तर पर बेहतर प्रशिक्षण और सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
प्रशासनिक और औद्योगिक सुविधाओं का विस्तार
जैतारण में खान विभाग के सहायक अभियंता (खनिज) कार्यालय की स्थापना की गई है। इसके अलावा जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग का अधिशासी अभियंता कार्यालय, सार्वजनिक निर्माण विभाग का अधिशासी अभियंता कार्यालय तथा रास-जैतारण में कनिष्ठ अभियंता कार्यालय शुरू किए गए हैं। रीको क्षेत्र जैतारण, एडीजे कोर्ट बर, मिनी सचिवालय, रायपुर में नई नगरपालिका और डीएसपी कार्यालय जैसी प्रशासनिक सुविधाओं ने क्षेत्रीय विकास को नई दिशा दी है।
नगर विकास और सौंदर्यीकरण कार्य
जैतारण नगर निकाय को क्रमोन्नत किया गया है। नगर पालिका क्षेत्र में सौंदर्यीकरण कार्यों की स्वीकृति दी गई है। रायपुर में नवीन नगरपालिका गठन भी प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। निमाज स्थित मगरमंडी माताजी मंदिर के जीर्णोद्धार कार्य करवाए जा रहे हैं। क्षेत्रवासियों का कहना है कि वर्षों से लंबित कई योजनाएं अब तेजी से पूरी हो रही हैं। लगातार स्वीकृत हो रही योजनाओं और निर्माण कार्यों ने क्षेत्र के लोगों में नए विश्वास का संचार किया है।







No Comment! Be the first one.